View Hymn (Bhajan)

Sr No. 1182 | Date: 07-Feb-19951995-02-07ना जाने आई कौन-सी रूकावट है, कि मुझसे रूठ़ी मेरी चाहत हैhttps://www.mydivinelove.org/bhajan/default.aspx?title=na-jane-ai-kaunasi-rukavata-hai-ki-mujase-ruthai-meri-chahata-haiना जाने आई कौन-सी रूकावट है, कि मुझसे रूठ़ी मेरी चाहत है

किस्मत ने दोहराई कौन-सी कहानी है, कि मुझसे रूठ़ी मेरी चाहत है

दिल की ऐसी कौन-सी ख्वाईश है, कि मुझसे रूठ़ी मेरी चाहत है

ना जाने की मैंने ऐसी कौन-सी आजमाईश है, कि मुझसे रूठ़ी मेरी चाहत है

अनजाने में दी मैंने किसको दावत है, कि मुझसे रूठ़ी मेरी चाहत है

ना जाने ऐसी कौनसी मेरी बुरी आदत है, कि मुझसे रूठ़ी मेरी चाहत है

ना जाने कहाँ कमी रह गई है मेरी सजावट में, कि मुझसे रूठ़ी मेरी चाहत है

मान जाए मेरी चाहत, मिल जाए मेरी चाहत मुझको वापस

दुनिया में जाऊँ मैं कहाँ, ऐसी कौन-सी अदालत है, जहाँ मिल जाए मुझको मेरी चाहत

कर सकता है अगर कोई दूर थकावट मेरी, तो वह मेरी चाहत है

ना जाने आई कौन-सी रूकावट है, कि मुझसे रूठ़ी मेरी चाहत है
Na jane ai kauna-si rukavata hai, ki mujase rutha़i meri chahata hai

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ना जाने आई कौन-सी रूकावट है, कि मुझसे रूठ़ी मेरी चाहत है

किस्मत ने दोहराई कौन-सी कहानी है, कि मुझसे रूठ़ी मेरी चाहत है

दिल की ऐसी कौन-सी ख्वाईश है, कि मुझसे रूठ़ी मेरी चाहत है

ना जाने की मैंने ऐसी कौन-सी आजमाईश है, कि मुझसे रूठ़ी मेरी चाहत है

अनजाने में दी मैंने किसको दावत है, कि मुझसे रूठ़ी मेरी चाहत है

ना जाने ऐसी कौनसी मेरी बुरी आदत है, कि मुझसे रूठ़ी मेरी चाहत है

ना जाने कहाँ कमी रह गई है मेरी सजावट में, कि मुझसे रूठ़ी मेरी चाहत है

मान जाए मेरी चाहत, मिल जाए मेरी चाहत मुझको वापस

दुनिया में जाऊँ मैं कहाँ, ऐसी कौन-सी अदालत है, जहाँ मिल जाए मुझको मेरी चाहत

कर सकता है अगर कोई दूर थकावट मेरी, तो वह मेरी चाहत है



- संत श्री अल्पा माँ
Lyrics in English


nā jānē āī kauna-sī rūkāvaṭa hai, ki mujhasē rūṭha़ī mērī cāhata hai

kismata nē dōharāī kauna-sī kahānī hai, ki mujhasē rūṭha़ī mērī cāhata hai

dila kī aisī kauna-sī khvāīśa hai, ki mujhasē rūṭha़ī mērī cāhata hai

nā jānē kī maiṁnē aisī kauna-sī ājamāīśa hai, ki mujhasē rūṭha़ī mērī cāhata hai

anajānē mēṁ dī maiṁnē kisakō dāvata hai, ki mujhasē rūṭha़ī mērī cāhata hai

nā jānē aisī kaunasī mērī burī ādata hai, ki mujhasē rūṭha़ī mērī cāhata hai

nā jānē kahām̐ kamī raha gaī hai mērī sajāvaṭa mēṁ, ki mujhasē rūṭha़ī mērī cāhata hai

māna jāē mērī cāhata, mila jāē mērī cāhata mujhakō vāpasa

duniyā mēṁ jāūm̐ maiṁ kahām̐, aisī kauna-sī adālata hai, jahām̐ mila jāē mujhakō mērī cāhata

kara sakatā hai agara kōī dūra thakāvaṭa mērī, tō vaha mērī cāhata hai