View Hymn (Bhajan)

Sr No. 889 | Date: 27-Jul-19941994-07-27लाख छूपाने पर भी सामने आ जाता हैhttps://www.mydivinelove.org/bhajan/default.aspx?title=lakha-chhupane-para-bhi-samane-a-jata-haiलाख छूपाने पर भी सामने आ जाता है

दिल में छिपी हुई यादो का जीकर, कभी ना कभी होठ़ों पर आ जाता है

कभी हँसते-हँसते तो कभी रोते-रोते, ये तो हो जाता है

ना कहने वाली बात भी, कभी होठ़ों से निकल जाती है

छिपी हुई वह बात, भेद सारे खोल जाती है

दुःख भरी और सुख भरी परिस्थिति का अहसास वह कराती है

दुनिया में कभी वह बदनाम, तो कभी नाम दे जाती है

जिंदगी के रंग को, पल में बदलाव नया, वह दे जाती है

कभी बिगड़ी हुई परिस्थिति को सुधारकर जाती है

तो कभी बना-बनाया खेल बिगाड़ वह जाती है

लाख छूपाने पर भी सामने आ जाता है

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लाख छूपाने पर भी सामने आ जाता है

दिल में छिपी हुई यादो का जीकर, कभी ना कभी होठ़ों पर आ जाता है

कभी हँसते-हँसते तो कभी रोते-रोते, ये तो हो जाता है

ना कहने वाली बात भी, कभी होठ़ों से निकल जाती है

छिपी हुई वह बात, भेद सारे खोल जाती है

दुःख भरी और सुख भरी परिस्थिति का अहसास वह कराती है

दुनिया में कभी वह बदनाम, तो कभी नाम दे जाती है

जिंदगी के रंग को, पल में बदलाव नया, वह दे जाती है

कभी बिगड़ी हुई परिस्थिति को सुधारकर जाती है

तो कभी बना-बनाया खेल बिगाड़ वह जाती है



- संत श्री अल्पा माँ
Lyrics in English


lākha chūpānē para bhī sāmanē ā jātā hai

dila mēṁ chipī huī yādō kā jīkara, kabhī nā kabhī hōṭha़ōṁ para ā jātā hai

kabhī ham̐satē-ham̐satē tō kabhī rōtē-rōtē, yē tō hō jātā hai

nā kahanē vālī bāta bhī, kabhī hōṭha़ōṁ sē nikala jātī hai

chipī huī vaha bāta, bhēda sārē khōla jātī hai

duḥkha bharī aura sukha bharī paristhiti kā ahasāsa vaha karātī hai

duniyā mēṁ kabhī vaha badanāma, tō kabhī nāma dē jātī hai

jiṁdagī kē raṁga kō, pala mēṁ badalāva nayā, vaha dē jātī hai

kabhī bigaḍa़ī huī paristhiti kō sudhārakara jātī hai

tō kabhī banā-banāyā khēla bigāḍa़ vaha jātī hai